Sad Shayari Alone
अकेले में जब तन्हाई से गुज़रते हैं, रोते हैं दिल मगर कोई नहीं सुनता हैं। खुद को छोड़ गए हैं अब खुदा के हवाले, ज़िंदगी एक ख्वाब हैं, ये हक़ीक़त नहीं हैं। अकेले होकर भी रहते हैं सभी जगह, दिल की तन्हाई के आगे सब हैं अजनबी। रूठे हुए यारों के बीना रह गए हैं, जैसे जीना ये बस इक अफ़सानी हैं। राहों में तन्हाई चाहे कितनी भी हो, अकेले चलते हैं हम, सबको छोड़कर। हो सके तो देख लेना तुम इस आदमी को, जिसके लिए ज़िंदगी में कोई नहीं था। बेगाने से लोग बन जाते हैं ज़िंदगी में, खुदग़र्ज़ हो जाते हैं जब तन्हाई में। उम्मीदें थीं कभी, प्यार की ख्वाहिशें थीं, पर वक़्त के साथ तूफ़ान आए थे यहां। Also, Read - Sad Shayari In Hindi बैठे हैं अकेले ये खुद को ढूंढ़ते हैं, दर्द के साए में रोज़ ये तन्हा जीते हैं। ज़िंदगी की राहों में ये बस उम्मीदें हैं, खुदा की मौजूदगी में कुछ नदीयाँ हैं। आईनों में देखा था जो खुद को बदलते, वोही आदतें हमको बिगाड़ती जा रही हैं। ज़िंदगी ने सिखाया है कठिन सी सबको, तन्हाई के साथ हमको बेजान बना रही हैं। रौशनी की आसमान में अकेलापन घोलते हैं, दिल की धड़कनों को इक अजनबी बोलते हैं। दुख के अ...